कपिल देव ने कहा कि पाकिस्तान अगर भारत के साथ बाइलेटरल क्रिकेट खेलने को इतना ही बेचैन है तो पहले सरहद पार से भारत विरोधी गतिविधियां बंद करे और वह पैसा नेक काम में लगाए.
सीमा पार से गतिविधियां बंद करे PAK
कपिल देव ने कहा,‘आप भावनाओं के वेग में बहकर कह सकते हैं कि भारत और पाकिस्तान के मैच कराये जाने चाहिए. इस समय क्रिकेट खेलना प्राथमिकता नहीं है. अगर आपको पैसा चाहिए तो सीमा पार से गतिविधियां बंद कीजिये.’
कपिल देव ने कहा,‘वह पैसा अस्पतालों और स्कूलों पर लगाइए. अगर हमें पैसा चाहिये तो हमारे कई धार्मिक संगठन हैं और इस समय आगे आना उनका फर्ज है.’
स्कूल और कॉलेज खोलना प्राथमिकता होनी चाहिए
कपिल देव का मानना है कि कोरोना वायरस महामारी से उबरने के बाद स्कूल और कॉलेज खोलना युवा पीढ़ी के लिए प्राथमिकता होनी चाहिए और कुछ समय के लिए खेलों की बहाली टाली जा सकती है.
कोरोना महामारी के कारण दुनिया भर में खेल रद्द हो गए हैं. कपिल ने ‘स्पोर्ट्स तक’ से कहा, ‘मैं वृहत तस्वीर देख रहा हूं. क्या आपको लगता है कि इस समय बात करने के लिए क्रिकेट ही बचा है. मैं बच्चों को लेकर चिंतित हूं जो स्कूल और कॉलेज नहीं जा पा रहे.’
इससे पहले शोएब अख्तर ने कोरोना वायरस (कोविड-19) के लिए फंड जुटाने के लिए भारत और पाकिस्तान के बीच तीन मैचों की वनडे सीरीज आयोजित कराने की बात कही थी.
हरभजन सिंह ने दिया था ये बयान
बता दें कि हरभजन सिंह ने शोएब अख्तर के प्रस्ताव पर कहा था कि इस समय मेरे दिमाग में क्रिकेट सबसे आखिरी की चीज है. मैं इसके बारे में सोच भी नहीं रहा हूं. उन्होंने कहा कि फंड जुटाने के और भी बहुत से तरीके हैं. जरूरी नहीं कि इसके लिए मैच खेला जाए.
हरभजन सिंह ने कहा, 'मुझे नहीं लगता कि इस समय कोई भी क्रिकेट या खेल के बारे में सोच रहा होगा. यह काफी छोटी चीजें हैं. इस समय जिंदगी दांव पर है. हां क्रिकेट ने हमें काफी कुछ दिया है. मैं आज जो कुछ भी हूं वो क्रिकेट के कारण हूं, लेकिन यह समय क्रिकेट पर बात करने का नहीं है. हम लोगों की मदद कैसे कर सकते हैं मैं इस समय इस पर बात करना पसंद करूंगा.'
गावस्कर भी बोले
सुनील गावस्कर ने कहा था, 'लाहौर में बर्फबारी हो सकती है, लेकिन मौजूदा हालात में भारत और पाकिस्तान के बीच द्विपक्षीय क्रिकेट सीरीज नहीं हो सकती है.'
Comments
Post a Comment